होमस्टे और B&B का रजिस्ट्रेशन: हर राज्य का अपना नियम
भारत में घर किराये पर देकर मेहमान ठहराने का कोई एक राष्ट्रीय लाइसेंस नहीं है। हर राज्य अपनी योजना चलाता है — यह पेज मकान-मालिकों को बताता है कि कहाँ क्या लागू होता है।

गोवा का विला हो, मनाली के ऊपर पुश्तैनी मकान हो या जयपुर की हवेली — मेहमान ठहराने की इजाज़त दिल्ली से नहीं, राज्य की राजधानी से तय होती है। पर्यटन मुख्य रूप से राज्यों का विषय है, इसलिए हर राज्य की अपनी शर्तें, अपनी फ़ीस और अपना दफ़्तर है। Hexuvium 2015 से मालिकों के लिए शॉर्ट-टर्म रेंटल संभाल रहा है, और किसी भी नए घर पर हमारा पहला सवाल यही होता है: यहाँ कौन-सा नियम लागू है?
हर राज्य तीन बातें पूछता है
- घर में कौन रहता है? केरल और कर्नाटक सिर्फ़ उन्हीं घरों को मान्यता देते हैं जहाँ मालिक या उसका परिवार ख़ुद रहता हो। दूसरी तरफ़ गोवा की Bed & Breakfast श्रेणी और राजस्थान की 2026 की योजना में मालिक का वहाँ रहना ज़रूरी नहीं — एजेंट, किरायेदार या नामित केयरटेकर काम चला सकता है।
- मालिक कौन है? कई राज्य केवल उसी व्यक्ति को रजिस्टर करते हैं जिसका नाम ज़मीन-जायदाद के रिकॉर्ड में है। हिमाचल और केरल लीज़ वाले घरों को बाहर रखते हैं।
- घर कितना बड़ा है? ज़्यादातर योजनाओं में अधिकतम छह कमरे और 12 बिस्तर; राजस्थान और उत्तराखंड के नए नियम आठ कमरे और 24 बिस्तर तक जाते हैं।
राज्यवार झलक
- गोवा: पर्यटन विभाग में रजिस्ट्रेशन, सालाना ₹1,000 फ़ीस, हर महीने की 5 तारीख़ से पहले पर्यटक आँकड़े।
- दिल्ली: 2007 का B&B क़ानून अगस्त 2026 में विधानसभा ने रद्द कर दिया; नई नीति अभी मंज़ूरी के इंतज़ार में है।
- हिमाचल प्रदेश: होम स्टे नियम 2025; रजिस्ट्रेशन सिर्फ़ जमाबंदी में दर्ज मालिक के नाम; फ़्लैट और लीज़ वाले मकान बाहर।
- राजस्थान: होमस्टे (पेइंग गेस्ट हाउस) योजना 2026; मालिक, लीज़धारक या केयरटेकर चला सकता है।
- उत्तराखंड: होमस्टे सिर्फ़ स्थायी निवासियों के लिए जो अपने घर में रहते हैं; बाक़ी मालिकों के लिए B&B का रास्ता।
महाराष्ट्र, केरल और कर्नाटक के विस्तृत नियम हमारे अंग्रेज़ी पेजों पर हैं।
NIDHI क्या है — और क्या नहीं
NIDHI यानी National Integrated Database of Hospitality Industry, केंद्रीय पर्यटन मंत्रालय का पोर्टल है। मंत्रालय के मुताबिक़ इसका काम रजिस्टर्ड और वर्गीकृत इकाइयों का डेटा इकट्ठा करना है, और इसकी होमस्टे वर्गीकरण योजना स्वैच्छिक है। यानी NIDHI पर नाम दर्ज करा लेने से राज्य का रजिस्ट्रेशन ख़त्म नहीं होता — वह अलग से ज़रूरी है।
विदेशी मेहमान: Form-III (पहले Form C)
आप्रवासन और विदेशियों विषयक अधिनियम 2025 (Immigration and Foreigners Act, 2025) की धारा 8 के तहत, जो 1 सितंबर 2025 से लागू है, हर ठहरने की जगह के संचालक को विदेशी मेहमान की जानकारी रजिस्ट्रेशन अधिकारी को देनी होती है। अब इसे Form-III कहते हैं, जो पहले Form C था। यह indianfrro.gov.in पर ऑनलाइन, मेहमान के पहुँचने के 24 घंटे के भीतर भरना होता है, और OCI कार्डधारकों पर भी लागू है। अधिनियम की धारा 23 में उल्लंघन पर तीन साल तक की क़ैद, ₹3 लाख तक का जुर्माना या दोनों का प्रावधान है।
GST एक नज़र में
22 सितंबर 2025 से ₹7,500 प्रति रात तक के कमरे पर 5% GST (इनपुट टैक्स क्रेडिट के बिना) और उससे ऊपर 18% (क्रेडिट के साथ) लगता है। आपको ख़ुद GST रजिस्ट्रेशन चाहिए या नहीं, यह आपके टर्नओवर और बुकिंग के तरीक़े पर निर्भर है — किसी चार्टर्ड अकाउंटेंट से पक्का कर लें।
Hexuvium की भूमिका
रजिस्ट्रेशन हमेशा मालिक के नाम पर रहता है — कई राज्यों में तो यही अनिवार्य है। हम लिखित मैनेजमेंट मैंडेट के तहत काम करते हैं: लिस्टिंग, किराया तय करना, मेहमानों से बातचीत, सफ़ाई, Form-III और जहाँ ज़रूरी हो वहाँ मासिक रिटर्न। जहाँ राज्य मालिक के वहीं रहने की शर्त रखता है, वहाँ हम साफ़ बता देते हैं कि हम क्या कर सकते हैं और क्या नहीं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या NIDHI पर रजिस्ट्रेशन काफ़ी है?
नहीं। NIDHI केंद्रीय पर्यटन मंत्रालय का डेटाबेस है और उसका होमस्टे वर्गीकरण स्वैच्छिक है। आपके राज्य का रजिस्ट्रेशन अलग से ज़रूरी रहता है।
airbnb kaise shuru kare apne ghar mein?
सबसे पहले अपने राज्य की योजना देखें: कौन रजिस्टर कर सकता है, कितने कमरे, कौन-से काग़ज़। फिर पर्यटन विभाग में रजिस्ट्रेशन कराएँ, और विदेशी मेहमानों के लिए Form-III की व्यवस्था रखें।
homestay registration kaise kare, kya online hota hai?
ज़्यादातर राज्यों में आवेदन ऑनलाइन होता है — गोवा में goaonline.gov.in, हिमाचल में पर्यटन विभाग का ई-सर्विस पोर्टल, राजस्थान में स्थानीय पर्यटन कार्यालय के ज़रिए सिंगल विंडो।
क्या Hexuvium अपने नाम पर रजिस्ट्रेशन कराता है?
नहीं। रजिस्ट्रेशन मालिक के नाम पर ही रहता है; हम लिखित मैनेजमेंट मैंडेट के तहत संचालन संभालते हैं।
इस गाइड में
इलाके
राज्य पेज
और मुफ़्त टूल
स्रोत
- Goa DoT — Homestay and Bed & Breakfast Policy
- Kerala Tourism — homestay classification guidelines
- TeamLease RegTech — HP Home Stay Rules, 2025
- ETV Bharat — Delhi repeals B&B Act (Aug 2026)
- Business Standard — Rajasthan Homestay Scheme 2026
- Indian Masterminds — Uttarakhand homestay rules update
- PIB — One India, One Registration under NIDHI (Aug 2025)
- NIDHI+ — About NIDHI (Ministry of Tourism)
- Immigration and Foreigners Act, 2025 — sections 8 and 23 (text)
- Form-III (ex-Form C) guidelines under the 2025 Act
- The Hans India — Form-III within 24 hours (Sept 2026)
- GST Council FAQ (Sept 2025) — hotel accommodation up to ₹7,500
- ClearTax — GST on hotel rooms, 5% / 18% from 22 Sept 2025
अपडेट 27/09/2026 — नियम बदलते रहते हैं: हमेशा नवीनतम आधिकारिक पाठ देखें।
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